कलेक्टर सुश्री शीला दाहिमा द्वारा आज आदिवासी विकासखण्ड मुख्यालय कराहल स्थित शासकीय मत्स्य बीज प्रक्षेत्र कराहल का निरीक्षण करते हुए हेचरी सहित ब्रीडर पॉन्ड आदि के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई। इस अवसर पर सीईओ जिला पंचायत श्री कार्तिकेय जायसवाल भी उपस्थित रहें।
कलेक्टर सुश्री शीला दाहिमा द्वारा शासकीय मत्स्य बीज प्रक्षेत्र कराहल से मत्स्य पलकों के लिए शासन द्वारा निर्धारित उचित दर पर उन्नत किस्म का कतला,रोहू,नरेन,कॉमन कार्प का मिश्रित बीज उपलब्ध कराने की प्रक्रिया का अवलोकन किया गया।
सहासक संचालक श्री नीरज शर्मा ने बताया कि मत्स्य पालन से जुड़े किसानों तथा मत्स्य बीज प्रक्षेत्र के विभिन्न पट्टा धारक समिति समूहों को 6 लाख मत्स्य बीज विक्रय किया गया है तथा मत्स्य बीज उपलब्ध कराने की प्रक्रिया जारी है। मत्स्य बीज प्रक्षेत्र पर विभिन्न प्रजातियों के पर्याप्त संख्या में स्पॉन उपलब्ध है। उल्लेखनीय है कि मत्स्य बीज प्रक्षेत्र कराहल मछली बीज के ब्रीडिंग केन्द्र के रूप में मत्स्यबीज का उत्पादन कर रहा है।
मत्स्य बीज प्रक्षेत्र कराहल लगभग 14.87 हेक्टयर एरिया में स्थापित है, जहां पर मत्स्य बीज उत्पादन होता है। इस केन्द्र पर न केवल हेचरी बल्कि तीन ब्रीडर पॉन्ड भी बने हुए है, इसके अलावा 52 नर्सरी पॉन्ड है। प्रयोगशाला की सुविधा भी इस केन्द्र पर उपलब्ध है। इन सब सुविधाओं एवं व्यवस्थाओ के माध्यम से व्यापक स्तर पर मछली बीज का उत्पादन कर मत्स्य कृषको को प्रदाय किया जाता है।
श्योपुर जिल में 1759 वाटर एरिया है, जहां मछली उत्पादन होता है।




